राजीव गांधी आश्रय योजना के पात्र हितग्राहियों को शीघ्र मिलेंगे पट्टे, आवेदनों की हो रही समीक्षा

राजीव गांधी आश्रय योजना के पात्र हितग्राहियों को शीघ्र मिलेंगे पट्टे, आवेदनों की हो रही समीक्षा

रिसाली निगम पहुंचे कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे, विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की.
पानी के प्रेशर वाले वार्डों में पेयजल की समस्या दूर की जाएगी, पौनी-पसारी का कार्य भी प्रगति पर.

दुर्ग। रिसाली निगम पहुंचे कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने आज यहां पट्टा वितरण, शुद्ध पेयजल और निर्माण कार्यों की गति सहित सभी मुद्दों पर गहन समीक्षा की। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी आश्रय योजना अंतर्गत आवेदनों के परीक्षण पश्चात जिन हितग्राहियों को इसके लिए पात्र पाया जाता है उन्हें पट्टा जल्द से जल्द पट्टा वितरण के लिए चिन्हांकित करें। कलेक्टर ने बैठक में पेयजल की स्थिति की समीक्षा भी की। नगर निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे ने बताया कि नेवई और टंकी मरौदा क्षेत्र में पाइपलाइन लीकेज की कुछ शिकायतें आई हैं साथ ही इन क्षेत्रों में कम प्रेशर के साथ पानी आने की शिकायत भी आई है। इसे ठीक करने के लिए अमृत मिशन के अधिकारियों को जानकारी दे दी गई है। इन्होंने समस्या शीघ्र दूर करने की बात कही है। कलेक्टर ने कहा कि यथाशीघ्र ही इनके अधिकारियों से समन्वय कर यह समस्या दूर कराएं।
तीन दिन लग रहा मुख्यमंत्री वार्ड शिविर- कलेक्टर ने बैठक में कहा कि मुख्यमंत्री महोदय के निर्देश हैं कि नगरीय निकाय नागरिकों को अधिकतम सुविधाएं प्रदान करें और उनकी समस्या के लिए उन्हें निगम के दफ्तरों तक जाने की जरूरत न पड़े। इसके लिए वार्डों में शिविर की व्यवस्था मुकम्मल रहे। सर्वे ने बताया कि वार्ड में तीन दिन शिविर लगाये जा रहे हैं। इन शिविरों में पीडब्ल्यूडी के सब इंजीनियर, राजस्व एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहते हैं। शिविरों में आये आवेदनों के निराकरण की प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है। कोशिश होती है कि वहीं मौके पर ही समस्या का समाधान कर दिया जाए।
एमएमयू में लगभग 75 ओपीडी- कलेक्टर ने मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से हो रहे इलाज की समीक्षा भी की। अधिकारियों ने बताया कि दो मोबाइल यूनिट काम कर रही हैं और हर दिन इनके माध्यम से 150 ओपीडी हो रही है। कलेक्टर ने मोबाइल मेडिकल यूनिट में हो रहे टेस्ट तथा यहां मौजूद सुविधाओं की भी समीक्षा की। कलेक्टर ने यहां डेंगू नियंत्रण के कार्यों की समीक्षा भी की। आयुक्त ने बताया कि नियमित रूप से कूलरों और जलभराव की जांच की जा रही है तथा टैमीफास का छिड़काव किया जा रहा है।
नागरिक सुविधाएं बेहद अहम- कलेक्टर ने कहा कि निगम अधिकारी नागरिक सुविधाओं पर विशेष नजर रखें। चाहे अनुज्ञा से संबंधित आवेदन हों अथवा किसी तरह का प्रमाणपत्र। कोशिश करें कि न्यूनतम समय में यह कार्य हो सके। इसके लिए सभी शाखाओं के कार्यों की नियमित मानिटरिंग आवश्यक है। कलेक्टर ने स्वच्छता से संबंधित कार्यों की जानकारी भी ली। उन्होंने कहा कि उद्यान सभी बेहतर हालत में हों। सार्वजनिक शौचालय स्वच्छ रहें। साफसफाई पर मुकम्मल नजर रहे। आयुक्त सर्वे ने बताया कि स्वच्छता सर्वेक्षण में निगम को ओडीएफ डबल प्लस का दर्जा प्राप्त हुआ है।

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